पटना
सरकार कृषि उत्पादन एवं उत्पादकता बढ़ाने तथा किसानों की आय में वृद्धि के उद्देश्य से जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम को बढ़ावा दे रही है। इसी क्रम में कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बताया कि राज्य के 24 जिलों में जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम संचालित किया जाएगा। इसके तहत 1,200 गांवों के 27,600 एकड़ में जलवायु अनुकूल कृषि पद्धतियों को बढ़ावा दिया जाएगा।
कार्यक्रम के माध्यम से किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी, व्यावहारिक प्रशिक्षण तथा वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए 14.06 करोड़ रुपये की राशि का प्रविधान किया गया है।
18,000 किसानों को दिया जाएगा प्रशिक्षण
रबी मौसम में 18,000 एकड़ में जीरो टिलेज तकनीक से गेहूं, चना एवं मसूर तथा रेज्ड बेड तकनीक से मक्का, सरसों, अलसी, मसालों और सब्जियों की खेती होगी।
वहीं, गरमा मौसम में 9,600 एकड़ में मक्का, मूंग, उड़द, मोटे अनाज, सूरजमुखी, तिल, हरी खाद के लिए ढैंचा एवं सब्जियों की खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। चयनित गांवों में कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित होंगे।
18,000 किसानों को खेतों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जबकि 3,600 किसानों को एक्सपोजर विजिट के माध्यम से उन्नत कृषि तकनीकों की जानकारी मिलेगी।